सूफ़ी/संतों की सूची
सैंकड़ों सूफ़ी/संतों का चुनिंदा कलाम
बारहवीं सदी के मुबल्लिग़ और सूफ़ी बुज़ुर्ग थे, उनको क़ुरून-इ-वुस्ता के सबसे मुमताज़ और क़ाबिल-ए-एहतिराम सूफ़िया में से एक कहा गया है, उनका मज़ार पाकपतन, पाकिस्तान में है
बर्क़ देहलवी
दिल्ली की काव्य परम्परा के अंतिम दौर के शायरों में शामिल, अपने ड्रामे ‘कृष्ण अवतार’ के लिए प्रसिद्ध
बेनज़ीर शाह वारसी
हाजी वारिस अ’ली शाह के मुमताज़ मुरीद और वहीद इलाहाबादी के शागिर्द-ए-रशीद
बिस्मिल इलाहाबादी
नूह नारवी के शागिर्द, शायरी में आवामी रोज़मर्रा को जगह दी. ग़ज़लों के साथ अहम मज़हबी और जनप्रतिनिधियों पर नज़्में लिखीं
बुल्ले शाह
पंजाब के मा’रूफ़ सूफ़ी शाइ’र जिनके अशआ’र से आज भी एक ख़ास रंग पैदा होता है और रूह को तस्कीन मिलती है